नई दिल्‍ली : केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने मंगलवार को समाचार एजेंसी एएनआई को विशेष इंटरव्‍यू दिया जिसमें उन्होंने कई मुद्दों पर बात की। इंटरव्‍यू के दौरान राजनाथ सिंह ने कहा कि साल 2014 के लोकसभा चुनाव में हमने कभी यह वादा नहीं किया कि हमारी सरकार के आने के बाद जनता के खाते में 15 लाख रुपये डाले जायेंगे। हमने केवल कालेधन के खिलाफ कार्रवाई की बता उस वक्त की थी और जो हमने कहा था वह हमने किया भी। हमारी ही सरकार ने कालेधन को लेकर एसआईटी गठित की।

मध्‍य प्रदेश में मुख्‍यमंत्री कमलनाथ के करीबी अधिकारियों के यहां मारे गये छापे के संबंध में गृह मंत्री ने कहा कि आयकर विभाग (आईटी) और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के छापों के पीछे कोई राजनीतिक प्रभाव नहीं है। छापेमारी करने वाली एजेंसियां स्वतंत्र हैं। उन पर चुनाव आचार संहिता का प्रभाव लागू नहीं होता है। ये एजेंसियां गोपनीय सूचना के आधार पर छापेमारी कर रही है। इसका केंद्र सरकार से कोई लेना देना नहीं और इसको लेकर केंद्र सरकार पर सवाल उठाना ठीक नहीं है।

पाकिस्‍तान के बालाकोट में भारतीय वायुसेना की एयर स्‍ट्राइक पर इंटव्यू के दौरान राजनाथ सिंह ने बात की और कहा कि पाकिस्तान के ऊपर की गयी कार्रवाई पर यदि सवाल पूछना ही है तो सरकार से पूछें….सुरक्षा बलों से सबूत मांगना गलत है। उन्‍होंने कहा कि बालाकोट एयर स्‍ट्राइक में किसी आम आदमी को कोई नुकसान नहीं पहुंचे इसको लेकर वायुसेना ने रणनीति बनाकर काम किया। मैं देश के गृहमंत्री के नाते सभी को आश्‍वस्‍त करता हूं कि भारत में किसी को असुरक्षित महसूस करने की आवश्‍यकता नहीं है। हिंसा में लिप्त पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सरकार करने का काम करेगी, चाहे वह किसी भी धर्म से संबंध क्यों नहीं रखता हो।

अनुच्‍छेद 35A पर पीडीपी अध्‍यक्ष महबूबा मुफ्ती के बयान पर जब राजनाथ सिंह से सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि यह उनकी हताशा को दर्शाता है। वह कुछ भी कह सकती हैं लेकिन हम वही करेंगे जो हम तय कर चुके हैं।